- नूह, 10 अगस्त : हरियाणा में नूंह जिले के तावड़ू में पुलिस और दंगाईयों के बीच मुठभेड़ हो गई। दोनों तरफ से फायरिंग हुई। जिसके बाद नूंह पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। उसे गोली लगी है। यह घटना तब हुई, जब पुलिस अरावली की पहाड़ियों में छुपे 31 जुलाई की नूंह हिंसा के आरोपियों की तलाश में पुलिस सर्च ऑपरेशन चला रही थी।
- सूत्रों के मुताबिक उन्हें जानकारी मिली थी कि 31 जुलाई की नूंह हिंसा में शामिल 2 दंगाई राजस्थान के रास्ते तावड़ू से होते हुए नूंह आ रहे हैं। इसका पता जैसे ही CIA स्टाफ की टीम को चला तो वो उनके पीछे लग गई। जब उन्हें तावड़ू के पहाड़ी इलाके में रोकने की कोशिश की गई तो उन्होंने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। इसके जवाब में पुलिस ने भी गोलियां चलाई। जिसमें एक दंगाई को गोली लग गई। जिसके बाद दूसरा फरार हो गया। पुलिस ने जख्मी दंगाई को पकड़ लिया। उसे इलाज के लिए नल्हड़ मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। नूंह पुलिस के मुताबिक निरीक्षक संदीर मोर के नेतृत्व में टीम गठित की गई थी। उन्होंने नूंह हिंसा के मामले में शामिल आरोपी मुनफेद निवासी गवारका को और उसके साथी आरोपी सैकुल निवासी गवारका को गिरफ्तार किया। तलाशी लेने पर उनसे एक अवैध देसी कट्टा, कारतूस और बाइक बरामद की गई है। इन दोनों को तावडू के सिलखो गांव की पहाडी के नजदीक से गिरफ्तार किया गया है।
- अरावली की पहाड़ियों में छुपे दंगाई, पुलिस ने किया ड्रोन से सर्च
- नूंह में 31 जुलाई को हुई हिंसा में शामिल संदिग्ध लोग अरावली की पहाड़ियों में छिपे हुए हैं। आरोपियों को पकड़ने के लिए STF और पुलिस टीमों ने ड्रोन की मदद ली है, जिसके जरिए उनके ठिकानों को तलाश करने के बाद उन्हें हिरासत में लिया जा रहा है। हालांकि साक्ष्य मिलने के बाद ही उनकी गिरफ्तारी की जाएगी, लेकिन अब से पहले पुलिस पहाड़ियों में छिपे 8 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।
- पुलिस ने जब हिंसा में शामिल लोगों की धरपकड़ शुरू की तो नल्हड़ के आस-पास के गांवों के काफी लोग पुलिस को देख अरावली की पहाड़ियों में जाकर छिप गए। यहीं पर उन्होंने ठिकाना भी बना लिया है। कई दिनों से इन पहाड़ियों में छिपे हुए हैं। इनमें कुछ ऐसे लोग भी शामिल हैं, जो खुद को बेकसूर बताते हैं।