**अयोध्या जमीन सौदों में अनियमितताओं का आरोप: फैजाबाद सांसद अवधेश प्रसाद की जांच की मांग**
समाजवादी पार्टी (SP) के फैजाबाद से सांसद अवधेश प्रसाद ने अयोध्या में जमीन सौदों और अन्य निर्माण परियोजनाओं में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए स्वतंत्र जांच की मांग की है। उनका दावा है कि सुप्रीम कोर्ट के 2019 के फैसले के बाद अयोध्या में जमीन की खरीद-फरोख्त में धांधली हुई है। प्रसाद ने इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए राम पथ, एयरपोर्ट प्रोजेक्ट्स, और अन्य परियोजनाओं की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
**अनियमितताओं का आरोप**
अवधेश प्रसाद ने आरोप लगाया कि अयोध्या में भूमि की बिक्री में बड़ी अनियमितताएं हुई हैं। उन्होंने कहा, “2 करोड़ रुपये की कीमत वाली जमीन को 18 करोड़ रुपये में बेचा गया है। ये सौदे भाजपा से जुड़े लोगों द्वारा किए गए हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है।” उनके अनुसार, इन सौदों में पारदर्शिता की कमी है और यह अयोध्या के लोगों के साथ अन्याय है।
**प्रोजेक्ट्स की वजह से घरों का विध्वंस**
प्रसाद ने यह भी आरोप लगाया कि अयोध्या में विभिन्न विकास परियोजनाओं के कारण लोगों के घरों को तोड़ दिया गया। उन्होंने कहा कि राम पथ और एयरपोर्ट प्रोजेक्ट्स जैसी परियोजनाओं के लिए बुलडोजर का उपयोग कर कई घरों को ध्वस्त किया गया। उनके अनुसार, इस तरह की कार्रवाई से अयोध्या की जनता में नाराजगी है और उन्होंने इसके लिए सत्तारूढ़ भाजपा को जिम्मेदार ठहराया है।
**ओबीसी निषाद समुदाय की बस्ती का सवाल**
सांसद प्रसाद ने आरोप लगाया कि ओबीसी निषाद समुदाय की बस्ती को हटाकर वहां दुकानें बनाई गईं हैं। यह आरोप उन्होंने बजट पर चर्चा के दौरान उठाया और कहा कि इस प्रकार की कार्रवाइयों से अयोध्या के लोग भाजपा सरकार से नाराज हैं। उनका कहना है कि भाजपा ने अयोध्या के लोगों के साथ अन्याय किया है और उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया है।
**जांच की मांग**
सांसद ने मांग की है कि इन सभी मुद्दों की जांच की जाए और जांच रिपोर्ट को संसद के पटल पर रखा जाए। उन्होंने कहा, “स्थिति को स्पष्ट करने के लिए यह आवश्यक है कि इन परियोजनाओं और जमीन सौदों की विस्तृत जांच की जाए।”
अवधेश प्रसाद के इन आरोपों ने अयोध्या में चल रही विकास परियोजनाओं पर एक नई बहस को जन्म दिया है। उनकी मांग है कि इन मामलों की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की जाए ताकि सच सामने आ सके और अयोध्या के लोगों के साथ न्याय हो सके।
**निष्कर्ष**
अयोध्या में भूमि सौदों और विकास परियोजनाओं पर उठे सवालों ने राजनीतिक और सामाजिक चर्चा को तेज कर दिया है। समाजवादी पार्टी और अन्य विपक्षी दलों ने भी इस मुद्दे पर गंभीरता से ध्यान दिया है और स्वतंत्र जांच की मांग की है। इन आरोपों की जांच के परिणाम आने वाले समय में महत्वपूर्ण हो सकते हैं, जो अयोध्या के विकास और स्थानीय जनता की समस्याओं को उजागर करेंगे।