
फ्लाईओवर का काम जल्द शुरू नहीं हुआ, तो वे हाईवे जाम कर सकते हैं।
गुरुग्राम, 24 अगस्त:
गुरुग्राम जिले के कई गांवों के ग्रामीणों ने बिलासपुर फ्लाईओवर के अधूरे निर्माण के चलते एक महापंचायत आयोजित करने का निर्णय लिया है। 25 अगस्त को दिल्ली-जयपुर हाईवे के बिलासपुर चौक पर यह महापंचायत नेशनल हाईवे अथॉरिटी और जिला प्रशासन के खिलाफ आयोजित की जाएगी। ग्रामीणों का कहना है कि यदि फ्लाईओवर का काम जल्द शुरू नहीं हुआ, तो वे हाईवे जाम कर सकते हैं।
ग्रामीणों में बढ़ रहा रोष
गांव बिलासपुर, बिनोला, राठीवास, भोडा कला, ठेटर का राठवास, पंचगांव, जमालपुर, घोषगड और आसपास के अन्य गांवों के लोग इस महापंचायत में शामिल होंगे। उनका आरोप है कि फ्लाईओवर का काम बंद होने के कारण रोजाना लंबी-लंबी ट्रैफिक जाम की स्थिति पैदा हो रही है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। खासकर बच्चे और बुजुर्ग इन जाम में फंसे रहते हैं, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
नेशनल हाईवे अथॉरिटी पर आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि नेशनल हाईवे अथॉरिटी के अधिकारी इतने लापरवाह हैं कि फ्लाईओवर के अधूरे काम के कारण यहां कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन इसके बावजूद भी उनकी तरफ से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही फ्लाईओवर का काम शुरू नहीं किया गया, तो वे हाईवे को जाम करने के लिए मजबूर होंगे।
प्रशासन के खिलाफ भी बढ़ सकता है विरोध
सूत्रों के मुताबिक, महापंचायत में प्रशासन के खिलाफ भी कड़े कदम उठाने पर विचार किया जा सकता है। ग्रामीणों का आरोप है कि जिला प्रशासन और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के विभाग द्वारा इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। टोल अदा करने के बावजूद यात्रियों को घंटों जाम में फंसे रहना पड़ता है, जिससे ग्रामीणों में भारी असंतोष है।
अधूरे फ्लाईओवर से बढ़ी समस्याएं
दिल्ली-जयपुर हाईवे पर आयेदिन जाम की समस्या ने ग्रामीणों की परेशानियों को और बढ़ा दिया है। हाईवे पर हो रही दुर्घटनाओं और जाम के कारण न सिर्फ यात्री बल्कि आसपास के सैकड़ों गांव के लोग भी प्रभावित हो रहे हैं। ग्रामीणों का मानना है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं निकला गया, तो स्थिति और भी गंभीर हो सकती है।
निष्कर्ष:
बिलासपुर फ्लाईओवर का अधूरा निर्माण क्षेत्रीय ग्रामीणों के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है। यदि जल्द ही इसका समाधान नहीं हुआ, तो महापंचायत के बाद दिल्ली-जयपुर हाईवे पर यातायात जाम होने की संभावनाएं प्रबल हैं। ग्रामीणों के इस आंदोलन का क्या परिणाम होगा, यह देखना अभी बाकी है, लेकिन प्रशासन और नेशनल हाईवे अथॉरिटी के लिए यह एक गंभीर चेतावनी है।