दीपावली पर मिलावटी घी की खेप ,हरियाणा होनी थी 15 टन की सप्लाई

आगरा में जगनेर के पास खाद्य विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए मिलावटी घी की एक खेप को पकड़ा है। पुलिस ने धौलपुर-भरतपुर मार्ग पर एक टैंकर को रोका, जिसमें 14,07890 किलोग्राम मिलावटी घी भरा हुआ था। यह टैंकर रीको इंडस्ट्री एरिया से हरियाणा के पुन्हाना में सप्लाई के लिए जा रहा था, जहां 15 टन घी की आपूर्ति की योजना थी।
खाद्य विभाग की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए टैंकर को जब्त कर लिया और मामले की जांच शुरू कर दी है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि दीपावली जैसे त्योहारों के दौरान मिलावटखोरों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की आवश्यकता है, ताकि उपभोक्ताओं को सुरक्षित और गुणवत्ता वाला खाद्य पदार्थ मिल सके।
इस कार्रवाई के बाद खाद्य विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ जागरूक करने की अपील की है। अधिकारियों ने उपभोक्ताओं से कहा है कि वे खरीदारी करते समय गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखें और किसी भी संदेह की स्थिति में तुरंत शिकायत करें।
मिलावटी घी की इस खेप की गिरफ्तारी से यह स्पष्ट होता है कि खाद्य सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों द्वारा कठोर प्रयास किए जा रहे हैं, खासकर त्योहारों के दौरान जब लोगों की मांग बढ़ जाती है। मिलावटखोरी के मामलों में वृद्धि के कारण स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता है, जिससे उपभोक्ताओं को समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।
इस घटना के संदर्भ में खाद्य विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे केवल प्रमाणित और मान्यता प्राप्त दुकानों से ही खाद्य सामग्री खरीदें और उत्पाद की पैकेजिंग पर दिए गए सभी निर्देशों का पालन करें। इसके अलावा, उन्होंने चेतावनी दी है कि बिना लाइसेंस वाले विक्रेताओं से खरीदारी करने से बचें।
खाद्य विभाग ने इस मामले की गहन जांच के साथ ही आगे की कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। यदि किसी भी व्यक्ति की संलिप्तता पाई जाती है, तो उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। दीपावली जैसे महत्वपूर्ण त्योहार पर खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करना सभी की जिम्मेदारी है, और इस दिशा में खाद्य विभाग का यह कदम सराहनीय है।
इस प्रकार की घटनाएँ न केवल उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य को प्रभावित करती हैं, बल्कि खाद्य सुरक्षा की साख पर भी प्रश्न चिह्न लगाती हैं। खाद्य विभाग द्वारा उठाए गए कदम से लोगों में विश्वास जागृत होगा कि उनके खाने-पीने की चीजें सुरक्षित हैं।
उपभोक्ताओं को जागरूक करने के साथ ही, खाद्य विभाग ने विभिन्न प्रकार के अभियान चलाने की योजना बनाई है, ताकि मिलावटखोरों को रोकने में मदद मिल सके। यह कदम न केवल त्योहारों के दौरान, बल्कि पूरे वर्ष उपभोक्ताओं की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण है।