
हरियाणा: नगर निगम चुनाव की घोषणा कभी भी संभव, तैयारियां पूरी
गुरुग्राम, 26 दिसंबर
हरियाणा में लंबे समय से रुके हुए नगर निगम चुनावों को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। चुनाव आयोग जल्द ही प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए नगर निगम चुनाव की तारीखों की घोषणा कर सकता है। प्रदेश में नगर निगम चुनावों को लेकर सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं और वार्ड परिसीमन (वार्ड बंदी) का कार्य भी लगभग समाप्त हो गया है। अब केवल आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।
नगर निगमों में आरक्षण प्रक्रिया पूरी
शहरी स्थानीय निकाय विभाग (यूएलबी) ने हरियाणा के नगर निगमों के मेयर पदों के लिए आरक्षण का ड्रा जारी कर दिया है। इसके तहत विभिन्न नगर निगमों में आरक्षित वर्गों के लिए मेयर पद निर्धारित किए गए हैं:
- गुड़गांव नगर निगम: मेयर पद BC-A वर्ग के लिए आरक्षित।
- फरीदाबाद: मेयर पद महिला जनरल श्रेणी के लिए।
- रोहतक: मेयर पद SC वर्ग के लिए।
- यमुनानगर: मेयर पद SC वर्ग महिला के लिए।
- मानेसर: मेयर पद जनरल श्रेणी के लिए।
सरकार की तैयारी पूरी
हरियाणा सरकार ने इस बार समय पर नगर निगम चुनाव कराने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए हैं। वार्ड परिसीमन से लेकर आरक्षण प्रक्रिया तक, सभी आवश्यक कार्य संपन्न हो चुके हैं। चुनाव आयोग की ओर से चुनाव की घोषणा के साथ ही आचार संहिता लागू होने की संभावना है।
राजनीतिक हलचल तेज
नगर निगम चुनावों को लेकर प्रदेश के राजनीतिक दलों ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। उम्मीदवारों के चयन और प्रचार रणनीतियों को लेकर बैठकों का दौर तेज हो गया है। ये चुनाव न केवल स्थानीय प्रशासन की दशा और दिशा तय करेंगे, बल्कि 2024 के विधानसभा और लोकसभा चुनावों से पहले राजनीतिक दलों के लिए यह एक महत्वपूर्ण परीक्षा भी साबित हो सकते हैं।
नगर निगम चुनाव क्यों हैं महत्वपूर्ण?
हरियाणा में नगर निगम चुनाव स्थानीय प्रशासन और विकास कार्यों के लिए बेहद अहम माने जाते हैं। इन चुनावों में जनता अपने स्थानीय प्रतिनिधियों को चुनकर विकास योजनाओं की जिम्मेदारी सौंपती है। इसके साथ ही यह चुनाव राजनीतिक दलों के जमीनी समर्थन और कार्यशैली का आकलन करने का अवसर भी प्रदान करते हैं।
चुनाव की घोषणा के साथ ही प्रदेश में राजनीतिक सरगर्मियां और बढ़ने की उम्मीद है।