दिल्ली 31 जनवरी -आज के डिजिटल युग में यूपीआई (UPI) भुगतान सबसे आसान और लोकप्रिय तरीका बन चुका है। ई-रिक्शा, मेट्रो, किराना दुकानों से लेकर बड़े व्यापारियों तक, हर जगह यूपीआई का इस्तेमाल हो रहा है। लेकिन अब भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) ने यूपीआई ट्रांजेक्शन को लेकर एक नया नियम जारी किया है, जो 1 फरवरी 2025 से लागू होगा। इस बदलाव के बाद कुछ लेनदेन पर प्रतिबंध लगाया जा सकता है।
क्या है नया नियम?
NPCI के ताजा दिशानिर्देशों के अनुसार, अब यूपीआई ट्रांजेक्शन आईडी में केवल अल्फान्यूमेरिक कैरेक्टर्स (अक्षर और संख्याएं) ही स्वीकार किए जाएंगे। यदि किसी यूपीआई आईडी में स्पेशल कैरेक्टर्स (@, #, $, %, आदि) मौजूद हैं, तो उस आईडी से किए गए ट्रांजेक्शन को ब्लॉक कर दिया जाएगा।
जो उपयोगकर्ता इस नए नियम का पालन नहीं करेंगे, उनकी यूपीआई आईडी को भी निष्क्रिय किया जा सकता है।
बैंकों और पेमेंट ऐप्स को निर्देश
NPCI ने सभी पेमेंट ऐप्स और बैंकों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने सिस्टम को इस नए मानक के अनुरूप अपडेट करें। यदि कोई ऐप या बैंक इस नियम का पालन नहीं करता है, तो उसकी यूपीआई सेवाओं को बाधित किया जा सकता है।
पहले भी दी जा चुकी है सलाह
NPCI पहले भी यूपीआई उपयोगकर्ताओं को अपनी आईडी में केवल अल्फान्यूमेरिक कैरेक्टर्स रखने की सलाह दे चुका था। हालांकि, अब इसे अनिवार्य बना दिया गया है और इसका उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यूपीआई यूजर्स को क्या करना चाहिए?
अपनी यूपीआई आईडी चेक करें – यदि उसमें कोई स्पेशल कैरेक्टर है, तो उसे जल्द से जल्द अपडेट करें।
अपने बैंक या पेमेंट ऐप से संपर्क करें – यह सुनिश्चित करने के लिए कि उनकी यूपीआई सेवाएं नए नियमों के अनुरूप अपडेट हो रही हैं।
भुगतान में बाधा से बचें – 1 फरवरी 2025 से पहले अपनी यूपीआई सेटिंग्स को अपडेट कर लें ताकि भुगतान में कोई समस्या न आए।