गुरुग्राम 6 फरवरी- वैसे तो गुरुग्राम यूनिवर्सिटी विवादों में रही है लेकिन एक बार फिर और इस यूनिवर्सिटी में भी बात बढ़ गया है अबकी बार कंप्यूटरों में खरीद फरोक में गड़बड़ झाला बताई जा रही है जिसको लेकर अब यूनिवर्सिटी के अधिकारियों पर सवाल उठने लगे हैं।
पूरा मामला क्या है।
विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार 7 महीने पहले गुरुग्राम यूनिवर्सिटी की ओर से 200 कंप्यूटर की खरीद फरोक की गई जिन्हें आज तक चालू नहीं किया गया है सूत्र बताते हैं इतनी तादात में कंप्यूटर रखने की भी जगह नहीं है वहीं जब महंगे महंगे कंप्यूटर खरीदे गए हैं वह अभी चालू भी नहीं है। बंद कमरे में रखे हुए हैं लेकिन खरीदे गए कंप्यूटर को बिना चालू किया ही उनकी पेमेंट कर दी गई अब मामला यह उठ रहा है की खरीदे गए कंप्यूटरों में यह कंप्यूटर की कीमत करीब 75 से 80 हजार बताई जा रही है।
जिनको अभी चालू भी नहीं किया गया है। अगर एक कंप्यूटर को इंस्टॉल कराया जाता है तो पर कंप्यूटर ₹3000 की कास्ट बताई जा रही है मगर यहां तो बिना कंप्यूटर के चालू किया ही सारे रकम पास कर दी गई और दे दी गई।
हमारे सूत्र यह भी बता रहे हैं की सीएसआर फंड से भी इस यूनिवर्सिटी में काफी संख्या में बड़े कीमत वाले कंप्यूटर भी आए हैं।
यूनिवर्सिटी में काफी संख्या में बड़े कीमत वाले कंप्यूटर भी आए हैं।
ज्ञात रहे की कंप्यूटर खरीदने से पहले सरकारी स्कूल एवं यूनिवर्सिटी सरकारी एजेंसियों से कंप्यूटर खरीदनी थी। लेकिन कुछ दिनों से अब कुछ सरकारी संस्थाएं सीधा कंप्यूटर देखने वाले व्यापारियों से खरीद रही है। जिसमें कहीं ना कहीं गड़बड़ झाला की बू आती रही है वहीं दूसरी ओर जब तक कंप्यूटर चालू नहीं हो जाते ओके की रिपोर्ट नहीं मिल जाती इंजीनियर की तरफ से तब तक किसी भी व्यापारी से खरीदे गए कंप्यूटरों की पेमेंट नहीं हो सकती मगर यहां पर इसका उल्टा हो रहा है पेमेंट पहले होती है कंप्यूटर चालू हो या नहीं हो इस पर ध्यान नहीं दिया जाता है यह एक बड़ा मामला गुरुग्राम सरकारी यूनिवर्सिटी में उठ रहा है।