मुंबई 22 फरवरी – बॉलीवुड अभिनेत्री प्रीति जिंटा ने हाल ही में सोशल मीडिया पर बढ़ती असहिष्णुता और ट्रोलिंग को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की है। उन्होंने माइक्रोब्लॉगिंग साइट X (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट लिखी, जिसमें उन्होंने लोगों से संयम बरतने और शांत रहने की अपील की।
प्रीति जिंटा ने अपने पोस्ट में लिखा,
“अगर आप अपने पीएम की सराहना करते हैं तो आप भक्त हैं… अगर आप एक गर्वित हिंदू या भारतीय हैं तो आप अंध भक्त हैं! सोशल मीडिया पर लोगों को क्या हो रहा है? हम सभी को शांत रहने की जरूरत है।”
उनकी इस टिप्पणी से साफ जाहिर होता है कि वह सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही नकारात्मकता और लोगों की मानसिकता से परेशान हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या किसी के विचारों या देशप्रेम को गलत तरीके से परिभाषित करना उचित है?
सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग और असहिष्णुता
आज के दौर में सोशल मीडिया सिर्फ विचारों के आदान-प्रदान का माध्यम नहीं रह गया है, बल्कि यह एक ऐसा प्लेटफॉर्म बन गया है जहां लोग बिना सोचे-समझे एक-दूसरे को ट्रोल करने लगते हैं। किसी भी व्यक्ति की विचारधारा, राजनीतिक झुकाव या धार्मिक पहचान को लेकर लगातार आलोचना की जाती है।
प्रीति जिंटा के इस ट्वीट पर भी मिलेजुले प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कुछ लोगों ने उनकी बात का समर्थन किया, तो कुछ ने इसे एक अलग नजरिए से देखा। हालांकि, यह पहली बार नहीं है जब किसी सेलेब्रिटी ने सोशल मीडिया ट्रोलिंग को लेकर आवाज उठाई हो।
सेलिब्रिटीज भी हो रहे हैं निशाने पर
बीते कुछ वर्षों में कई बॉलीवुड सितारे सोशल मीडिया ट्रोलिंग का शिकार हो चुके हैं। दीपिका पादुकोण, कंगना रनौत, शाहरुख खान और आमिर खान जैसे बड़े सितारों को भी उनके बयानों या विचारों के लिए ट्रोल किया गया है। कई बार सेलेब्रिटीज को अपने पोस्ट डिलीट करने पड़ते हैं, तो कुछ को सफाई तक देनी पड़ती है।
प्रीति जिंटा ने अपनी पोस्ट के जरिए लोगों से आग्रह किया कि वे सोशल मीडिया का इस्तेमाल सकारात्मक चीजों के लिए करें और एक-दूसरे का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक देश है, जहां हर किसी को अपनी बात कहने का हक है। इसलिए हमें सहिष्णुता रखनी चाहिए और बिना वजह की बहस और नफरत से बचना चाहिए।
उनकी इस पोस्ट को हजारों लाइक्स और रीट्वीट मिल चुके हैं, जिससे साफ जाहिर होता है कि लोग इस विषय पर चर्चा करने को तैयार हैं। अब देखना यह होगा कि क्या यह संदेश सोशल मीडिया के माहौल में कोई बदलाव ला पाता है या नहीं।