
SIT की जांच में 2,008 मामले दर्ज, 1,917 गिरफ्तारियां और 26.08 करोड़ रुपये बरामद
चंडीगढ़, 12 मार्च – हरियाणा सरकार ने राज्य में अवैध रूप से युवाओं को विदेश भेजने वाले ट्रैवल एजेंटों पर शिकंजा कसने के लिए हरियाणा ट्रैवल एजेंटों का पंजीकरण और विनियमन विधेयक, 2025 तैयार किया है। यह विधेयक ट्रैवल एजेंटों की पारदर्शिता, जवाबदेही और सत्यनिष्ठा सुनिश्चित करेगा और अवैध गतिविधियों पर रोक लगाएगा।
हरियाणा के संसदीय कार्य मंत्री महीपाल ढांडा ने विधानसभा में बताया कि अवैध ट्रैवल एजेंटों के खिलाफ शिकायत मिलने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि पिछले पांच वर्षों में विशेष अनुसंधान टीम (SIT) द्वारा 2,008 अवैध प्रवासन के मामले दर्ज किए गए, जिनमें 1,917 लोगों को गिरफ्तार किया गया और 26.08 करोड़ रुपये से अधिक की राशि बरामद की गई।
‘डंकी रूट’ के जरिए विदेश जाने वालों की बढ़ती संख्या
मंत्री ने बताया कि हरियाणा समेत देश के कई राज्यों में ‘डंकी रूट’ के जरिए अवैध प्रवासन के मामले सामने आ रहे हैं। इसमें एजेंट लोगों को पहले वर्क वीजा, टूरिस्ट वीजा, स्टडी वीजा या वीजा ऑन अराईवल के माध्यम से दुबई, स्पेन, मैक्सिको, नीदरलैंड, सिंगापुर, थाईलैंड जैसे देशों में भेजते हैं, और वहां से उन्हें अवैध रूप से अमेरिका और कनाडा में प्रवेश कराया जाता है।
अवैध एजेंटों के खिलाफ SIT का बड़ा एक्शन
हरियाणा सरकार ने मई 2020 में पुलिस महानिरीक्षक, करनाल रेंज की अध्यक्षता में SIT का गठन किया था। बाद में अप्रैल 2023 में अंबाला रेंज की अध्यक्षता में नई SIT गठित की गई। इस टीम ने अवैध प्रवासन के मामलों की गहराई से जांच की और धोखाधड़ी करने वाले एजेंटों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की।
SIT द्वारा 80530-03400 हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है, जिस पर लोग अवैध ट्रैवल एजेंटों की शिकायत कर सकते हैं। पुलिस ने अब तक कई एजेंटों के कार्यालय सील कर दिए हैं और वित्तीय लेन-देन, यात्रा रिकॉर्ड और डिजिटल संचार के आधार पर जांच जारी है।
हरियाणा ट्रैवल एजेंट पंजीकरण विधेयक 2025 के प्रावधान
- अनिवार्य पंजीकरण: हरियाणा में कार्यरत सभी ट्रैवल एजेंटों/एजेंसियों का पंजीकरण अनिवार्य होगा।
- अवैध गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई: गैरकानूनी गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने पर एजेंसी का पंजीकरण रद्द किया जाएगा।
- बिना पंजीकरण काम करना अपराध: बिना प्रमाणपत्र ट्रैवल एजेंसी चलाने पर कड़ी सजा का प्रावधान होगा।
- मानव तस्करी और फर्जी दस्तावेजों पर कार्रवाई: दोषियों की संपत्ति जब्त होगी और पीड़ितों को उचित मुआवजा मिलेगा।
- अदालत को कड़े अधिकार: अवैध प्रवासन के दोषियों पर कार्रवाई के लिए न्यायालय को विशेष शक्तियां दी जाएंगी।
अमेरिका से हरियाणा के 111 नागरिकों को किया गया निर्वासित
मंत्री ढांडा ने बताया कि अमेरिका ने फरवरी 2025 में तीन उड़ानों के माध्यम से 332 भारतीयों को निर्वासित किया, जिनमें 111 हरियाणा के निवासी थे।
- 5 फरवरी: 104 भारतीयों में से 33 हरियाणा से
- 15 फरवरी: 116 भारतीयों में से 34 हरियाणा से
- 16 फरवरी: 112 भारतीयों में से 44 हरियाणा से
अमेरिका से कुल 15,896 भारतीयों को 2009 से अब तक निर्वासित किया जा चुका है। हाल ही में हरियाणा में लौटे 111 नागरिकों के मामलों में 35 FIR दर्ज की गईं और 12 एजेंटों को गिरफ्तार किया गया।
सरकार का संकल्प: अवैध प्रवासन पर रोक और पुनर्वास योजना
राज्य सरकार अवैध प्रवासन को रोकने के साथ-साथ निर्वासित नागरिकों के पुनर्वास पर भी ध्यान दे रही है। लौटे नागरिकों को चिकित्सा जांच, मानसिक परामर्श और अस्थायी सहायता दी जा रही है ताकि वे समाज में पुनः समायोजित हो सकें।
श्री ढांडा ने कहा कि सरकार नागरिकों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और अवैध अप्रवासन में संलिप्त किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।
हरियाणा सरकार अवैध प्रवासन को रोकने के लिए बड़े कदम उठा रही है। SIT की कार्रवाई, नया विधेयक और सख्त निगरानी व्यवस्था से अवैध ट्रैवल एजेंटों पर लगाम लगाई जाएगी। सरकार युवाओं को कानूनी माध्यमों से विदेश जाने के लिए प्रोत्साहित कर रही है ताकि वे ठगी और जोखिम से बच सकें।