
लखनऊ, 13 मार्च – उत्तर प्रदेश में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए योगी सरकार लगातार नए कदम उठा रही है। अब सरकार ने हेरिटेज पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश में ऐतिहासिक स्थल, किले, हवेलियां, और हॉन्टेड प्लेसेज को विकसित करने की योजना बनाई है। इस पहल का उद्देश्य राज्य के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित करते हुए पर्यटन को एक नई दिशा देना है। इस कदम से राज्य के पर्यटन क्षेत्र को एक नई पहचान मिलने की उम्मीद है, साथ ही इससे स्थानीय समुदायों को भी लाभ होगा।
हेरिटेज होटल के विकास के लिए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर
हेरिटेज पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने गोल्डन ट्रायंगल फोर्ट एंड पैलेस प्राइवेट लिमिटेड के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते के तहत, सरकार हेरिटेज होटल्स के विकास पर विशेष ध्यान देगी, ताकि पर्यटकों को राज्य की सांस्कृतिक विरासत का अनुभव हो सके और इससे स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा मिले। यह समझौता सरकार की योजना के तहत ऐतिहासिक किलों, हवेलियों, और हॉन्टेड प्लेसेज को संरक्षित करने और उनका पर्यटन स्थल के रूप में विकास करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
सांस्कृतिक धरोहर को संवर्धित करना
गोल्डन ट्रायंगल फोर्ट एंड पैलेस प्राइवेट लिमिटेड के साथ किया गया यह समझौता उत्तर प्रदेश की ऐतिहासिक धरोहरों को पुनः जीवित करने और उन्हें आधुनिक पर्यटन स्थल बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। यह प्रयास न केवल इन धरोहरों को संरक्षित करेगा, बल्कि पर्यटकों को एक नए अनुभव से भी जोड़ेगा। राज्य सरकार का मानना है कि इस तरह की पहल से उत्तर प्रदेश को देश और दुनिया में एक प्रमुख पर्यटन गंतव्य के रूप में स्थापित किया जा सकेगा।
स्थानीय समुदायों के लिए लाभकारी
इस योजना के तहत, हेरिटेज साइट्स के विकास से स्थानीय रोजगार के अवसर पैदा होंगे, जिससे स्थानीय समुदायों को आर्थिक लाभ मिलेगा। हेरिटेज पर्यटन का उद्देश्य न केवल ऐतिहासिक स्थलों को संरक्षित करना है, बल्कि इससे राज्य के विकास को गति देने के साथ-साथ यहां के लोगों को भी आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।
उत्तर प्रदेश को पर्यटन के क्षेत्र में एक प्रमुख गंतव्य के रूप में विकसित करने का प्रयास
उत्तर प्रदेश सरकार का यह कदम राज्य में पर्यटन उद्योग को एक नई दिशा देने वाला साबित हो सकता है। हेरिटेज पर्यटन को बढ़ावा देने से न केवल राज्य की ऐतिहासिक धरोहरों का संरक्षण होगा, बल्कि यह स्थानीय रोजगार और विकास के अवसरों के लिए भी फायदेमंद होगा। इस पहल के माध्यम से, उत्तर प्रदेश को पर्यटन के क्षेत्र में एक प्रमुख गंतव्य के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे राज्य की आर्थिक स्थिति को भी मजबूती मिलेगी।