
शहीद हसन खान मेवाती राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल, नूंह में उत्कृष्टता केंद्र स्थापित किया जाएगा।
हरियाणा राज्य बजट 2025-26 के महत्वपूर्ण प्रस्ताव – 17 मार्च 2025
चंडीगढ़, 17 मार्च 2025: राज्य सरकार ने वर्ष 2025-26 के लिए कई अहम प्रस्तावों की घोषणा की। इन प्रस्तावों में स्वास्थ्य, शिक्षा, औद्योगिकीकरण और अन्य कई क्षेत्रों में विकास के लिए विशेष कदम उठाने की योजना है।
मुख्य प्रावधानों की समीक्षा:
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विभागीय आवंटन में वृद्धि:
- स्कूल शिक्षा विभाग के लिए आवंटित राशि को 8.10% से बढ़ाकर 17,848.70 करोड़ रुपये किया गया।
- उच्चतर शिक्षा विभाग के लिए आवंटित राशि को 9.90% से बढ़ाकर 3874.09 करोड़ रुपये किया गया।
- आईटीआई विभाग के लिए आवंटित राशि को 16.68% से बढ़ाकर 574.03 करोड़ रुपये किया गया।
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स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार:
- संस्थागत प्रसव दर 85.7% से बढ़कर 97.9% और पूर्ण टीकाकरण दर 85.7% से बढ़कर 92% हो गई।
- मातृ मृत्यु दर 127 से घटकर 110, नवजात मृत्यु दर 26 से घटकर 19, शिशु मृत्यु दर 41 से घटकर 28 और 5 वर्ष से कम आयु के शिशुओं की मृत्यु दर 45 से घटकर 33 हो गई।
- बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत जन्म के समय लिंग अनुपात 868 से बढ़कर 910 हुआ।
- राज्य में 15 मेडिकल कॉलेज, 10 दंत चिकित्सा कॉलेज, 19 फिजियोथेरेपी कॉलेज, 111 नर्सिंग कॉलेज और 182 नर्सिंग स्कूल कार्यरत हैं।
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स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार:
- प्रदेश में अति-modern मातृ और शिशु स्वास्थ्य केंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव, विशेषकर पलवल, रोहतक, चरखीदादरी, नूंह में।
- न्यूनतम 100 से 300 बिस्तरीय अस्पतालों को अपग्रेड करने का प्रस्ताव।
- आधुनिक उपकरणों जैसे सीटी स्कैन, एमआरआई, अल्ट्रासाउंड, ब्लड एनालाइज़र, और डिजिटल एक्स-रे सभी जिला अस्पतालों में उपलब्ध कराए जाएंगे।
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शैक्षिक क्षेत्र में सुधार:
- एमबीबीएस सीटों को 2185 से बढ़ाकर 2485 सीटें करने का प्रस्ताव।
- पंडित दीनदयाल उपाध्याय स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय, कुटैल में नवनिर्मित 750 बिस्तरीय सुपर स्पेशलिटी अस्पताल का उद्घाटन होगा।
- शहीद हसन खान मेवाती राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल, नूंह में उत्कृष्टता केंद्र स्थापित किया जाएगा।
- कुरुक्षेत्र में राज्य-स्तरीय ड्रग टेस्टिंग लैबोरेटरी का आधुनिकीकरण 20 करोड़ रुपये से किया जाएगा।
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औद्योगिकीकरण और MSME क्षेत्र:
- हरियाणा में लगभग 2 लाख सूक्ष्म, छोटे एवं मध्यम उद्योग (MSME) चल रहे हैं।
- अनाधिकृत आवासीय कॉलोनियों को नियमित करने की प्रक्रिया में 2145 कॉलोनियों का नियमितीकरण किया गया।
- औद्योगिक क्षेत्र में सुधार के लिए डॉरमिट्रीज और एकल कक्ष इकाईयों का निर्माण किया जाएगा जिससे श्रमिकों को सस्ती दरों पर आवास सुविधा मिल सकेगी।
- स्टार्टअप्स के लिए Incubation Centers औद्योगिक संपदाओं में स्थापित किए जाएंगे।
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औद्योगिक नीति में सुधार:
- ‘एक जिला एक उत्पाद’ कार्यक्रम के तहत ‘पद्मा नीति’ लागू की जाएगी।
- जींद, अंबाला और करनाल में तीन नए औद्योगिक क्लस्टरों को स्वीकृति दी जा चुकी है, और आगामी वर्ष में 10 नए औद्योगिक क्लस्टर बनाए जाएंगे।
- पर्यावरण अनुकूल ईंधन में उद्योगों के जेनरेटर्स को बदलने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।
- आईएमटी खरखोदा का विस्तार किया जाएगा, जिससे औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
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स्वास्थ्य बजट में वृद्धि:
- स्वास्थ्य बजट को 8.17% से बढ़ाकर 10,159.54 करोड़ रुपये करने का प्रस्ताव है।
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आयुष एवं अन्य स्वास्थ्य सेवाएं:
- पंचकूला में राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थान की स्थापना की गई है जिसमें 100 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं।
- आयुष्मान आरोग्य मंदिर के 201 केंद्रों को एनएबीएच प्रमाणीकरण मिला है, और बाकी 332 केंद्रों को भी प्रमाणीकरण प्राप्त करने के लिए बजट आवंटित किया जाएगा।
हरियाणा सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, औद्योगिकीकरण और समग्र सामाजिक विकास के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाने का प्रस्ताव किया है। स्वास्थ्य सेवाओं के सुधार, शैक्षिक संस्थानों के विस्तार, और औद्योगिकीकरण के लिए नये उपायों से राज्य में आर्थिक और सामाजिक उन्नति की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया जाएगा।