नई दिल्ली 28 मार्च। भारत सरकार ने हाल ही में एक नया इमिग्रेशन बिल पेश किया है, जिसका उद्देश्य देश में अवैध अप्रवास को रोकना और इमिग्रेशन प्रक्रिया को सख्त बनाना है। इस कानून के तहत अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने वाले लोगों, शरणार्थियों और मानव तस्करी में शामिल लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। आइए जानते हैं इस बिल की प्रमुख विशेषताएं और इसके प्रभाव।
अमित शाह ने कहा कि भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा और नागरिकों के हित सर्वोपरि हैं। उन्होंने बताया कि सीमा पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है और अवैध रूप से प्रवेश करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। सरकार का उद्देश्य है कि अवैध घुसपैठ को पूरी तरह रोका जाए और देश की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाए। इसके अलावा, शाह ने यह भी कहा कि अवैध प्रवासियों की पहचान कर उन्हें उनके मूल देश वापस भेजने की प्रक्रिया तेज की जा रही है। उन्होंने राज्यों से भी इस मुद्दे पर सहयोग करने और घुसपैठियों की पहचान कर कार्रवाई करने की अपील की।
बिल की प्रमुख विशेषताएं:
- अवैध एंट्री पर कड़ी सजा:
- अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
- अवैध अप्रवासियों को देश से डिपोर्ट किया जाएगा और उनके प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया जाएगा।
- शरणार्थियों के लिए कड़े नियम:
- शरण लेने की प्रक्रिया को पारदर्शी और प्रभावी बनाया जाएगा।
- केवल प्रमाणित और योग्य शरणार्थियों को ही भारत में रहने की अनुमति दी जाएगी।
- मानव तस्करी पर रोक:
- मानव तस्करी में संलिप्त लोगों के खिलाफ सख्त सजा का प्रावधान किया गया है।
- सुरक्षा एजेंसियों को तस्करी नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए विशेष अधिकार दिए गए हैं।
- बायोमेट्रिक डेटा:
- सभी विदेशी नागरिकों का बायोमेट्रिक डेटा अनिवार्य रूप से संग्रहित किया जाएगा।
- इससे अवैध एंट्री और पहचान छुपाने के मामलों पर रोक लगेगी।
- सीमा सुरक्षा:
- भारत की सीमाओं पर अतिरिक्त सुरक्षा उपाय लागू किए जाएंगे।
- टेक्नोलॉजी की मदद से सीमा निगरानी को और मजबूत किया जाएगा।
कानून का प्रभाव:
- अवैध अप्रवासियों की संख्या में कमी आएगी।
- देश की आंतरिक सुरक्षा मजबूत होगी।
- शरणार्थी नीति को और अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाया जाएगा।
- मानव तस्करी पर प्रभावी रोक लगेगी।
- नया इमिग्रेशन बिल भारत की सुरक्षा को मजबूत करने और अवैध अप्रवास को रोकने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। सरकार का उद्देश्य न केवल अवैध प्रवेश को रोकना है, बल्कि देश की सीमाओं को सुरक्षित बनाना और कानून व्यवस्था को प्रभावी रूप से लागू करना भी है।
इस कानून से भारत में इमिग्रेशन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनेगी, जिससे देश की सामाजिक और आर्थिक संरचना पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।