
किसानों को कुछ आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे।
गुरुग्राम, 5 अप्रैल:
एडीसी हितेश कुमार मीणा ने जानकारी दी कि हरियाणा राज्य के नवीकरण ऊर्जा विभाग के तहत गुरुग्राम जिले के किसान 3 से 10 एचपी तक के सोलर ऊर्जा पम्प पर 75 प्रतिशत अनुदान प्राप्त करने के लिए सरल पोर्टल (saralharyana.gov.in) पर 8 से 21 अप्रैल तक आवेदन कर सकते हैं।
एडीसी ने बताया कि ऑनलाइन आवेदन करने के लिए किसानों को कुछ आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। इनमें परिवार पहचान पत्र, आवेदक के नाम पर कृषि भूमि की जमाबंदी/फर्द और आवेदक के नाम पर बिजली आधारित पम्प न होना अनिवार्य हैं। इसके साथ ही, अगर किसान अपने खेत में सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली जैसे टपका फव्वारा सिंचाई या भूमिगत पाइपलाइन स्थापित करना चाहते हैं, तो उन्हें इसका प्रमाणपत्र या शपथ पत्र अपलोड करना होगा।
हरियाणा जल संसाधन प्राधिकरण के सर्वेक्षण के अनुसार, जिन गांवों में भूजल स्तर 100 फीट से नीचे चला गया है, वहां सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली की स्थापना अनिवार्य है। अन्य गांवों में भी किसानों को भूमिगत पाइप लाइन या सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली स्थापित करनी होगी।
एडीसी ने बताया कि किसान अपनी इच्छानुसार सोलर पम्प की क्षमता का चयन कर सकते हैं, जैसे:
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3 एचपी डीसी सरफेस,
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7.5 एचपी डीसी सबमर्सिबल नार्मल कंट्रोलर,
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10 एचपी डीसी सबमर्सिबल नार्मल कंट्रोलर,
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10 एचपी एसी नार्मल कंट्रोलर,
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10 एचपी डीसी सबमर्सिबल यूनिवर्सल कंट्रोलर,
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10 एचपी एसी सबमर्सिबल यूनिवर्सल कंट्रोलर।
इसके अलावा, किसानों को लाभार्थी हिस्सा जमा करने का प्रमाण पत्र और ज़मीन की फर्द भी साथ रखना होगा, जिसे सर्वे के दौरान चयनीत कंपनी को देना होगा।
सोलर वाटर पम्पिंग सिस्टम से संबंधित अधिक जानकारी और नियमों की विस्तृत जानकारी के लिए किसान विभाग की वेबसाइट http://hareda.gov.in पर जा सकते हैं, या किसी भी कार्य दिवस पर अधिकारियों के कार्यालय में संपर्क कर सकते हैं।
इस योजना से किसानों को सोलर पम्प्स पर अनुदान मिलेगा, जिससे उनकी सिंचाई की सुविधा बेहतर होगी और साथ ही पर्यावरणीय लाभ भी होगा, क्योंकि यह पम्प नवीकरणीय ऊर्जा पर आधारित हैं। सरकार का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में सतत विकास और जल संरक्षण को बढ़ावा देना है।