
किसानों की स्थिति को सुधारना, और शिक्षा, स्वास्थ्य, और उद्योग क्षेत्र में सुधार करना है।
चंडीगढ़, 17 मार्च 2025: हरियाणा सरकार ने आगामी वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं और प्रस्तावों की घोषणा की। इन योजनाओं का उद्देश्य राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में विकास को बढ़ावा देना, किसानों की स्थिति को सुधारना, और शिक्षा, स्वास्थ्य, और उद्योग क्षेत्र में सुधार करना है।
1. सरकारी उपक्रमों का बकाया ऋण
हरियाणा सरकार के 43 सरकारी उपक्रमों का बकाया ऋण 2014-15 में ₹69,922 करोड़ था, जो 2023-24 में घटकर ₹68,295 करोड़ हो गया है। वर्ष 2008-09 में इन उपक्रमों का बकाया ऋण ₹30,233 करोड़ था। 2008-09 से 2014-15 के बीच इन उपक्रमों के बकाया ऋण में ₹39,689 करोड़ का इज़ाफ़ा हुआ, जबकि पिछले 9 वर्षों में यह ऋण ₹1,627 करोड़ घटा है।
बिजली निगमों के ₹25,950 करोड़ के ऋण को अपने खाते में लिया।
उदय योजना के तहत, हरियाणा सरकार ने 2015-17 के दौरान बिजली निगमों के ₹25,950 करोड़ के ऋण को अपने खाते में लिया। इसके परिणामस्वरूप, 2023-24 में 43 उपक्रमों में से 28 उपक्रम लाभ में रहे, जिन्होंने ₹1,746 करोड़ का शुद्ध लाभ कमाया। वहीं, 2014-15 में केवल 20 उपक्रम लाभ में थे, जिनका कुल लाभ ₹450 करोड़ था।
2. कृषि और किसान कल्याण योजनाएं
- नकली बीज और कीटनाशक से बचाव:
- किसानों को नकली बीज और कीटनाशकों से बचाने के लिए एक बिल इसी सत्र में लाया जाएगा।
- महिला किसानों को ऋण:
- महिला किसानों को डेयरी, कृषि, बागवानी, पशुपालन और मत्स्य पालन के लिए ₹1 लाख तक का ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा।
- मेरा पानी मेरी विरासत योजना:
- धान की खेती छोड़ने वाले किसानों को ₹8,000 प्रति एकड़ अनुदान दिया जाएगा।
- सफेद झींगा उत्पादन:
- सफेद झींगा के उत्पादन की लागत कम करने के लिए सोलर पर दिए जाने वाले अनुदान की सीमा 10 किलोवॉट से बढ़ाकर 30 किलोवॉट करने का प्रस्ताव।
- गन्ने की कटाई पर सब्सिडी:
- गन्ने की मशीन से कटाई कराने के लिए हारवैस्टर पर सब्सिडी का प्रस्ताव।
3. बागवानी क्षेत्र में विकास
- बागवानी मिशन:
- प्रदेश के सभी 22 जिलों में बागवानी मिशन को लागू किया जाएगा। 2025-26 में अम्बाला, यमुनानगर और हिसार में लीची, स्ट्रॉबेरी और खजूर के लिए उत्कृष्टता केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
- प्रोजेक्ट के लिए बजट:
- जापान सरकार की सहायता से अगले 9 वर्षों में ₹2,738 करोड़ की लागत से एक नया सतत बागवानी प्रोजेक्ट शुरू किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट के लिए 2025-26 में ₹138 करोड़ का प्रावधान रखा गया है।
4. शैक्षिक क्षेत्र में सुधार
- राजकीय महाविद्यालयों का विकास
- : 2025-26 में हर जिले में एक राजकीय महाविद्यालय को मॉडल संस्कृति महाविद्यालय के रूप में विकसित किया जाएगा।
- कल्पना चावला छात्रवृत्ति योजना:
- विज्ञान और इंजीनियरिंग में स्नातक और स्नातकोत्तर की पढ़ाई करने वाली छात्राओं को ₹1 लाख तक की वार्षिक छात्रवृत्ति दी जाएगी।
- हरियाणा राज्य अनुसंधान कोष:
- महाविद्यालयों और विश्वविद्यालयों में अनुसंधान को बढ़ावा देने के लिए ₹20 करोड़ के प्रारंभिक आवंटन से हरियाणा राज्य अनुसंधान कोष बनाए जाने का प्रस्ताव।
5. कौशल विकास और व्यावसायिक शिक्षा
- सीखते हुए कमाएं मॉडल: “
- सीखते हुए कमाएं” मॉडल को लागू किया जाएगा, जिसके तहत चयनित विद्यार्थियों को ₹6,000 का मासिक मानदेय मिलेगा। इस योजना के लिए ₹36 करोड़ का बजट प्रस्तावित।
- मुख्यमंत्री युवा कौशल सम्मान योजना:
- राज्य के 2,000 स्नातक और स्नातकोत्तर अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों को ₹10,000 का मासिक मानदेय दिया जाएगा।
- विश्व कौशल ओलंपिक:
- विश्व कौशल ओलंपिक में हरियाणा के पदक विजेताओं को ₹10 लाख तक का नकद पुरस्कार और ₹10 लाख की आर्थिक सहायता दी जाएगी यदि वे अपना व्यवसाय शुरू करना चाहते हैं।
6. पशुपालन और सहकारी क्षेत्र
- गौशाला योजनाएं:
- गौ-सेवा आयोग के तहत गौशालाओं की क्षमता बढ़ाने के लिए पंजीकृत गौशालाओं में 51 शेड बनाने के लिए ₹5 करोड़ का अनुदान दिया जाएगा। इसके अलावा, 1,000 पशुओं वाली गौशालाओं को 2 ई-रिक्शा दिए जाएंगे।
- दूध संग्रह केंद्र:
- प्रदेश के हर ब्लॉक में एक दूध संग्रह केंद्र और प्रत्येक जिले में एक शीतलन केंद्र विकसित किया जाएगा।
7. अन्य महत्वपूर्ण प्रस्ताव
- हरित योजना:
- हरित योजना के तहत 750 नए हरित स्टोर खोले जाएंगे, जिससे ₹1,000 करोड़ का राजस्व अर्जित होने की संभावना है।
- अमरूद प्रसंस्करण प्लांट:
- हिसार में अमरूद के लिए अत्याधुनिक प्रसंस्करण और पैकेजिंग प्लांट स्थापित किया जाएगा। सिरसा में किन्नू उत्पादक किसानों के लिए जूस प्रसंस्करण संयंत्र स्थापित किया जाएगा।
- इंजीनियरिंग संस्थानों का उन्नयन:
- निलोखेडी (करनाल) और पन्नीवालामोटा (सिरसा) में स्थित 2 इंजीनियरिंग संस्थानों को हरियाणा प्रौद्योगिकी संस्थान (एचआईटी) में अपग्रेड किया जाएगा।
हरियाणा सरकार के इस बजट में विकास के लिए किए गए कदम और योजनाएं राज्य के समग्र विकास को बढ़ावा देने के लिए डिज़ाइन की गई हैं। इस बजट से किसानों, विद्यार्थियों, और सभी वर्गों के लिए कई नई सुविधाएं और अवसर पैदा होंगे, जो राज्य की सामाजिक और आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाएंगे।