गुरुग्राम, 21 अक्टूबर। दिवाली के त्योहार से पहले गुरुग्राम में अवैध कब्जों के खिलाफ जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। विभाग की ओर से लगातार की जा रही तोड़फोड़ की कार्रवाई से अवैध कब्जाधारियों में हड़कंप मचा हुआ है। इसके बावजूद शहर के विभिन्न बाजारों, सड़कों, कॉलोनियों, सेक्टरों और हाईवे के आसपास अवैध कब्जों की समस्या बनी हुई है। गुरुग्राम में सरकारी भूमि के साथ-साथ अन्य स्थानों पर भी अवैध कब्जों की शिकायतें सामने आती रही हैं। कई जगहों पर लोगों द्वारा बिना अनुमति निर्माण और अतिक्रमण किए जाने से शहर की व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका रहती है। ऐसे में डीटीपी विभाग की कार्रवाई को अवैध निर्माण और कब्जों पर अंकुश लगाने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।
डीटीपी विभाग की कार्रवाई जारी
डीटीपी विभाग की ओर से अवैध निर्माण और कब्जों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। डीटीपी प्रवर्तन अमित माधोलिया के नेतृत्व में विभाग की टीम कार्रवाई कर रही है। त्योहार के दौरान भी अभियान जारी रहने से अवैध निर्माण करने वालों में कार्रवाई का डर बना हुआ है। हालांकि, विभाग की कार्रवाई के बावजूद गुरुग्राम के कई इलाकों में अतिक्रमण की समस्या पूरी तरह समाप्त नहीं हुई है। बाजारों में सड़कों के किनारे, कॉलोनियों में और सेक्टरों के आसपास अवैध कब्जों की शिकायतें सामने आती रहती हैं।
कार्रवाई के बावजूद क्यों नहीं रुक रहे अवैध कब्जे?

गुरुग्राम में अवैध कब्जों के खिलाफ कार्रवाई के बावजूद समस्या का बने रहना कई सवाल खड़े करता है। विभाग की ओर से तोड़फोड़ किए जाने के बाद भी यदि दोबारा अतिक्रमण होता है, तो ऐसे मामलों में नियमित निगरानी और नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करना जरूरी है। शहर के लोगों को उम्मीद है कि डीटीपी विभाग का अभियान लगातार जारी रहेगा और सरकारी भूमि तथा सार्वजनिक रास्तों पर किए गए अवैध कब्जों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई होगी। साथ ही, अवैध निर्माण करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के बाद संबंधित स्थानों पर दोबारा कब्जा न हो, इसके लिए भी प्रभावी व्यवस्था की जाएगी। फिलहाल, दिवाली से पहले डीटीपी विभाग की कार्रवाई ने अवैध कब्जों का मुद्दा फिर चर्चा में ला दिया है। अब देखना होगा कि यह अभियान गुरुग्राम में अतिक्रमण की समस्या को नियंत्रित करने में कितना प्रभावी साबित होता है।







