
सरकारी योजनाओं का लाभ लेने तथा ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ पोर्टल पर पंजीकरण का किया आह्वान पटौदी, 29 अगस्त। राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन-तिलहन योजना के अंतर्गत सूचना, शिक्षा एवं संचार अभियान (आई.ई.सी.) को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुक्रवार को ग्राम खोड़, खंड पटौदी स्थित नई चौपाल पाना मानावाल में जिला स्तरीय किसान मेले का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उपमंडल अधिकारी (ना०) पटौदी दिनेश लुहाच मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता कृषि विभाग के उपनिदेशक अनिल तंवर ने की।
सरकारी योजनाओं का लाभ लेने तथा ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ पोर्टल पर पंजीकरण का किया आह्वान
पटौदी, 29 अगस्त।
राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन-तिलहन योजना के अंतर्गत सूचना, शिक्षा एवं संचार अभियान (आई.ई.सी.) को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुक्रवार को ग्राम खोड़, खंड पटौदी स्थित नई चौपाल पाना मानावाल में जिला स्तरीय किसान मेले का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उपमंडल अधिकारी (ना०) पटौदी दिनेश लुहाच मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता कृषि विभाग के उपनिदेशक अनिल तंवर ने की।
मेले में खंड पटौदी के विभिन्न गाँवों से आए सैकड़ों किसानों ने भाग लिया। कार्यक्रम में किसानों को विभागीय विशेषज्ञों ने तिलहन फसलों की वैज्ञानिक उत्पादन तकनीक, उच्च उत्पादक किस्मों, बीज उत्पादन एवं संरक्षण उपायों की जानकारी दी।
मुख्य अतिथि एसडीएम दिनेश लुहाच ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार किसानों के कल्याण के लिए अनेक योजनाएँ चला रही है। उन्होंने कहा कि किसान “मेरी फसल मेरा ब्यौरा” पोर्टल पर समय पर पंजीकरण अवश्य कराएँ, जिससे उन्हें बीज, उर्वरक, अनुदान, फसल बीमा तथा अन्य योजनाओं का लाभ सीधे मिल सके। उन्होंने किसानों से आधुनिक तकनीक अपनाने और पारंपरिक खेती को वैज्ञानिक तरीके से जोड़ने का आह्वान किया। उन्होंने किसानों को भरोसा दिलाया कि प्रशासन किसानों की हर समस्या का समाधान करने के लिए तत्पर है और किसानों को योजनाओं के प्रति जागरूक करना सरकार की प्राथमिकता है।
इस मौके पर कृषि विभाग और सहायक संस्थाओं द्वारा विभिन्न जानकारीपरक स्टॉल लगाए गए थे, जिनका निरीक्षण मुख्य अतिथि ने किया। स्टॉलों पर किसानों को उन्नत बीज, जैविक खेती, प्राकृतिक खेती पद्धतियों, कृषि उपकरणों और संरक्षण उपायों से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराई गई।
कृषि विभाग के उपनिदेशक अनिल तंवर ने बताया कि डीसी अजय कुमार के मार्गदर्शन में आयोजित इस मेले का उद्देश्य किसानों को न केवल तिलहन उत्पादन में सुधार हेतु नई तकनीक से जोड़ना है, बल्कि उन्हें सरकारी योजनाओं से जोड़कर उनकी आय में वृद्धि करना भी है। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में ऐसे आयोजनों में शामिल हों और प्राप्त ज्ञान को व्यवहार में लाएँ।