दिल्ली 9 सितम्बर/ बॉक्स ऑफिस पर धुआंधार कमाई करने वाली फिल्म ‘हनुमान अंश’ इन दिनों लगातार सुर्खियों में बनी हुई है। फिल्म में नीम करोली बाबा की आध्यात्मिक यात्रा, उनकी हनुमान भक्ति और जीवन से जुड़े कई अनछुए पहलुओं को दिखाया गया है। लेकिन बाबा के आध्यात्मिक जीवन के साथ-साथ उनके निजी और पारिवारिक जीवन की कहानी भी लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच रही है।फिल्म में रामबेटी शर्मा को नीम करोली बाबा की पत्नी के रूप में दिखाया गया है। ऐसे में लोगों के मन में सवाल उठ रहा है कि आखिर रामबेटी देवी कौन थीं? नीम करोली बाबा के साथ उनका वैवाहिक जीवन कैसा था और जब बाबा ने आध्यात्मिक मार्ग को चुना तो उनके परिवार का क्या हुआ?भारत के महान संतों में नीम करोली बाबा का नाम बेहद श्रद्धा और सम्मान के साथ लिया जाता है। उनकी हनुमान भक्ति और चमत्कारों की कहानियां आज भी देश-दुनिया में प्रसिद्ध हैं। लेकिन बाबा के पारिवारिक जीवन के बारे में बहुत कम लोग जानते हैं।

कौन थीं नीम करोली बाबा की पत्नी?
पारिवारिक जानकारियों के अनुसार, रामबेटी देवी उत्तर प्रदेश के एक ब्राह्मण परिवार से थीं। उनका विवाह लक्ष्मण दास शर्मा से हुआ था, जिन्हें बाद में पूरी दुनिया ने नीम करोली बाबा के नाम से जाना।बताया जाता है कि उस दौर की सामाजिक परंपराओं के अनुसार लक्ष्मण दास शर्मा का विवाह बहुत कम उम्र, करीब 11 से 12 वर्ष की अवस्था में ही कर दिया गया था। विवाह के बाद रामबेटी देवी ने एक सामान्य गृहस्थ महिला की तरह अपना जीवन परिवार और घर की जिम्मेदारियां संभालते हुए बिताया।

जब बाबा ने चुनी अध्यात्म की राह
समय के साथ लक्ष्मण दास शर्मा का मन सांसारिक जीवन से अधिक साधना और अध्यात्म की ओर आकर्षित होने लगा। युवावस्था में उन्होंने आध्यात्मिक यात्राएं शुरू कर दीं और धीरे-धीरे वैराग्य के मार्ग पर आगे बढ़ते गए।बाबा के घर-गृहस्थी से दूर होने के बाद परिवार की जिम्मेदारियों का बड़ा हिस्सा रामबेटी देवी के कंधों पर आ गया। उन्होंने सादगी के साथ परिवार को संभाला और बच्चों की परवरिश की।जहां एक ओर नीम करोली बाबा देश-दुनिया में लाखों श्रद्धालुओं के लिए आस्था का केंद्र बनते गए, वहीं उनकी पत्नी रामबेटी देवी ने प्रसिद्धि औरसार्वजनिक जीवन से दूर रहकर अपना जीवन बिताया।

नीम करोली बाबा के कितने बच्चे थे?
पारिवारिक जानकारियों के अनुसार, नीम करोली बाबा और रामबेटी देवी के दो बच्चे थे। एक बेटा अरविंद शर्मा और एक बेटी गिरिजा देवी।आश्रमों की चकाचौंध से दूर बीता जीवननीम करोली बाबा के नाम से देश और दुनिया में कई आश्रम प्रसिद्ध हुए और उनके लाखों अनुयायी बने। लेकिन उनकी पत्नी रामबेटी देवी का जीवन आश्रमों और प्रसिद्धि की दुनिया से दूर रहा।बताया जाता है कि उन्होंने अपने जीवन का बड़ा हिस्सा उत्तर प्रदेश के अकबरपुर गांव में बिताया। बाबा की बढ़ती लोकप्रियता के बावजूद उन्होंने कभी सार्वजनिक पहचान या प्रसिद्धि की इच्छा नहीं की।यही वजह है कि आज जब नीम करोली बाबा के जीवन पर बनी फिल्म चर्चा में है, तो लोगों की दिलचस्पी बाबा के उस पारिवारिक जीवन में भी बढ़ गई है, जिसके बारे में अब तक बहुत कम लोग जानते थे।एक तरफ थे दुनिया को भक्ति, प्रेम और सेवा का संदेश देने वाले महान संत नीम करोली बाबा… और दूसरी तरफ थीं उनकी पत्नी रामबेटी देवी, जिन्होंने चुपचाप परिवार की जिम्मेदारियां निभाते हुए अपना पूरा जीवन सादगी में गुजार दिया।







