2018 बैच की आईएएस अधिकारी डॉ. मोनिका राणा इससे पहले तिरुनेलवेली नगर निगम में कमिश्नर के पद पर थीं तैनात, भारती श्रमजीवी पत्रकार संघ ने दी शुभकामनाएं
देहरादून, 30 अक्टूबर। उत्तराखंड के देहरादून जनपद के चकराता क्षेत्र की रहने वाली 2018 बैच की आईएएस अधिकारी डॉ. मोनिका राणा को तमिलनाडु में जिलाधिकारी की जिम्मेदारी मिलने पर उत्तराखंड में खुशी और गर्व का माहौल है। पहाड़ की बेटी का प्रशासनिक सेवा में इस महत्वपूर्ण पद तक पहुंचना प्रदेश के युवाओं, विशेषकर बेटियों के लिए प्रेरणादायक उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, डॉ. मोनिका राणा इससे पहले तमिलनाडु के तिरुनेलवेली नगर निगम में कमिश्नर के पद पर कार्यरत थीं। प्रशासनिक सेवाओं में अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए अब उन्हें जिलाधिकारी का दायित्व सौंपे जाने की जानकारी सामने आई है। डॉ. मोनिका राणा मूल रूप से उत्तराखंड के देहरादून जिले के चकराता क्षेत्र की निवासी हैं। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्र से निकलकर भारतीय प्रशासनिक सेवा में अपनी पहचान बनाने वाली डॉ. राणा की इस उपलब्धि को प्रदेश के लिए गौरव का विषय बताया जा रहा है।
तमिलनाडु से पत्रकार भार्थी ने दी नियुक्ति की जानकारी
तमिलनाडु के वरिष्ठ पत्रकार एवं भारती श्रमजीवी पत्रकार संघ के तमिलनाडु राज्य उपाध्यक्ष भार्थी ने डॉ. मोनिका राणा को जिलाधिकारी की जिम्मेदारी मिलने की सूचना संघ के प्रदेश अध्यक्ष चन्द्रवीर गायत्री को प्रेषित की। इस सूचना पर प्रदेश अध्यक्ष चन्द्रवीर गायत्री ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए डॉ. मोनिका राणा को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की बेटी को दूसरे राज्य में प्रशासनिक सेवा के महत्वपूर्ण पद की जिम्मेदारी मिलना पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात है। इससे उत्तराखंड की प्रतिभाओं की पहचान राष्ट्रीय स्तर पर और अधिक मजबूत होती है।
उत्तराखंड की बेटियों के लिए प्रेरणा बनीं डॉ. मोनिका राणा
भारती श्रमजीवी पत्रकार संघ के प्रदेश अध्यक्ष चन्द्रवीर गायत्री ने कहा कि उत्तराखंड की बेटियां आज शिक्षा, प्रशासन, विज्ञान, खेल और विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का परिचय दे रही हैं। डॉ. मोनिका राणा की उपलब्धि इस बात का उदाहरण है कि दृढ़ संकल्प, मेहनत और लगन के बल पर किसी भी मुकाम तक पहुंचा जा सकता है। उन्होंने डॉ. मोनिका राणा के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास जताया कि वह नई जिम्मेदारी का निर्वहन पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ करेंगी। डॉ. मोनिका राणा की इस उपलब्धि से चकराता सहित पूरे उत्तराखंड के लोगों में गर्व की भावना है। उनकी सफलता प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन सकती है।








