पश्चिम बंगाल, 23 अप्रैल।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026: पहले चरण की वोटिंग शुरू, नेताओं की अपील के बीच मतदाताओं में उत्साह
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के लिए गुरुवार, 23 अप्रैल को मतदान शुरू हो गया है। इस चरण में कुल 152 सीटों पर वोट डाले जा रहे हैं। सुबह से ही कई इलाकों में मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें देखी जा रही हैं। लोग उत्साह के साथ अपने मताधिकार का उपयोग करने के लिए घरों से बाहर निकल रहे हैं।
चुनाव को लेकर प्रशासन की ओर से सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल और केंद्रीय बलों की तैनाती की गई है, ताकि मतदान शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सके। चुनाव आयोग भी लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील कर रहा है।
इस बीच देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर लोगों से मतदान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र का यह सबसे बड़ा पर्व है और इसमें सभी नागरिकों को पूरे उत्साह के साथ भाग लेना चाहिए। प्रधानमंत्री ने खास तौर पर युवाओं और महिलाओं से बड़ी संख्या में मतदान करने का आग्रह किया।
गृह मंत्री अमित शाह ने भी एक्स पर पोस्ट कर मतदाताओं से वोट डालने की अपील की। उन्होंने कहा कि इस बार का चुनाव पश्चिम बंगाल के वर्तमान और भविष्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि एक मजबूत नेतृत्व वाली सरकार ही राज्य को घुसपैठ, सिंडिकेट और कटमनी जैसी समस्याओं से मुक्त कर सकती है।
अमित शाह ने विशेष रूप से बंगाल की महिलाओं और युवाओं से अपील करते हुए कहा कि वे बढ़-चढ़कर मतदान करें और राज्य को सुरक्षित एवं विकसित बनाने में अपनी भूमिका निभाएं। उन्होंने लोगों को प्रेरित करते हुए कहा, “पहले मतदान करें, फिर जलपान करें।”
वोटिंग के दौरान कई जगहों पर मतदाताओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। गर्मी के बावजूद लोग सुबह से ही मतदान केंद्रों पर पहुंच रहे हैं। बुजुर्गों से लेकर युवा तक, हर वर्ग के लोग लोकतंत्र के इस महापर्व में हिस्सा लेते नजर आ रहे हैं।
कुल मिलाकर, पहले चरण के मतदान में जनता की सक्रिय भागीदारी देखने को मिल रही है। अब सभी की नजरें मतदान प्रतिशत और आगे आने वाले चरणों पर टिकी हैं, जो यह तय करेंगे कि राज्य की सत्ता किसके हाथों में जाएगी।
फिलहाल, प्रशासन की कोशिश है कि चुनाव पूरी तरह शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो, ताकि हर मतदाता बिना किसी डर या दबाव के अपने वोट का इस्तेमाल कर सके।








