Edition

छात्र पर टोल कर्मियों का हमला, लहूलुहान, NH-709A करनाल टोल प्लाज़ा पर बेरहमी से पिटाई

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

करनाल/चंडीगढ़, 27 मई 2026।

हरियाणा के करनाल जिले में NH-709A पर स्थित प्योंत करनाल–असंध टोल प्लाज़ा पर एक बीटेक छात्र के साथ बेरहमी से मारपीट का मामला सामने आया है। आरोप है कि टोल प्लाज़ा पर तैनात करीब 10 कर्मचारियों ने छात्र को ईंटों, डंडों और लोहे की रॉड से पीटकर गंभीर रूप से घायल कर दिया।

घटना 26 मई 2026 की रात करीब 9 बजे की बताई जा रही है। घायल छात्र की पहचान उपलना गांव निवासी योगराज के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, लोगों ने किसी तरह बीच-बचाव कर उसकी जान बचाई।

अस्पताल में भर्ती, हालत गंभीर

घायल छात्र को पहले करनाल के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, लेकिन हालत गंभीर होने के चलते उसे देर रात चंडीगढ़ PGI रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार युवक के शरीर पर कई गंभीर चोटें आई हैं और उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।

मामूली कहासुनी से शुरू हुआ विवाद

घटना के समय वाहन को गांव कत्लाहेड़ी निवासी अशोक चला रहे थे। बताया जा रहा है कि वाहन टोल टैक्स से छूट (exempted category) में आता था।

आरोप है कि टोल पर मौजूद कुछ युवक बिना वर्दी और नेम प्लेट के खड़े थे, जिन्होंने मात्र 10 सेकंड में ही क्रॉसिंग को लेकर विवाद शुरू कर दिया। मामूली कहासुनी के बाद मामला हिंसा में बदल गया और टोल कर्मियों ने छात्र को घेरकर हमला कर दिया।

बेरहमी से पीटा, ईंट-सरियों का इस्तेमाल

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हमलावरों ने छात्र को जमीन पर गिराकर लगातार पीटा। इस दौरान ईंटों, लोहे की सरियों, थप्पड़ों और मुक्कों का इस्तेमाल किया गया। मौके पर मौजूद लोगों ने बड़ी मुश्किल से छात्र को छुड़वाया।

दो कर्मचारी पकड़े गए, बाकी फरार

घटना की सूचना मिलते ही डायल 1012 की टीम मौके पर पहुंची। भीड़ ने दो टोल कर्मियों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया, जबकि अन्य आरोपी मौके से फरार हो गए।

बिना वर्दी और पहचान पत्र पर सवाल

पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाया है कि कई टोल कर्मचारी बिना वर्दी और नेम प्लेट के ड्यूटी कर रहे थे, जिससे उनकी पहचान स्पष्ट नहीं हो पा रही है। यह सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

स्थानीय लोगों में भारी रोष

घटना के बाद क्षेत्र में लोगों में भारी आक्रोश देखा गया। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि टोल प्लाज़ा पर आए दिन कर्मचारियों द्वारा अभद्र व्यवहार और दबंगई की शिकायतें सामने आती रहती हैं, लेकिन कार्रवाई नहीं होती।

लोगों का कहना है कि टोल कर्मी नियम लागू करने के बजाय “गुंडागर्दी” पर उतर आए हैं, जिससे आम जनता खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है।

निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग

पीड़ित परिवार ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही National Highways Authority of India (NHAI), जिला प्रशासन और पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठाई गई है।

ग्रामीणों ने यह भी मांग की है कि:

  • टोल कर्मचारियों की पहचान सार्वजनिक की जाए
  • बिना वर्दी ड्यूटी करने वालों पर कार्रवाई हो
  • संबंधित कंपनी का टेंडर रद्द किया जाए

क्षेत्र में तनाव का माहौल

घटना के बाद प्योंत, कत्लाहेड़ी, गुल्लरपुर समेत आसपास के गांवों में तनाव का माहौल बना हुआ है। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में ऐसी घटनाएं और बढ़ सकती हैं।

CCTV और वीडियो सामने आए

मारपीट की CCTV फुटेज में देखा जा सकता है कि करीब 10 कर्मचारी एक गाड़ी की ओर दौड़ते हुए हमला करने पहुंचते हैं। घायल छात्र का वीडियो भी सामने आया है, जिसने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है।

 

New India News Network
Author: New India News Network

new india news network

Leave a Comment

और पढ़ें