eSIM में बदलने के नाम पर ₹18.31 लाख की साइबर ठगी, 5% कमीशन पर काम करने वाला आरोपी गिरफ्तार
गुरुग्राम, 18 अगस्त 2026। eSIM में बदलने के नाम पर एक व्यक्ति से 18 लाख 31 हजार रुपये की साइबर ठगी करने वाले गिरोह के लिए 5 प्रतिशत कमीशन पर काम करने और ठगी की रकम से सोना खरीदने वाले एक आरोपी को गुरुग्राम पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, ठगी की रकम में से 3 लाख 31 हजार रुपये सीधे एक ज्वेलरी शॉप के बैंक खाते में ट्रांसफर करवाकर आरोपी से सोना खरीदवाया गया था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान जय वर्मा उर्फ बिट्टू (24 वर्ष) निवासी ग्वालियर, मध्य प्रदेश के रूप में हुई है। आरोपी की शिक्षा 10वीं तक है और वह पहले ऑटो रिक्शा चालक के रूप में काम करता था। पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और बैंकिंग ट्रेल के आधार पर कार्रवाई करते हुए उसे 17 अगस्त 2026 को ग्वालियर से गिरफ्तार किया।
Airtel कर्मचारी बनकर किया फोन
पुलिस के अनुसार, 25 जून 2026 को शिकायतकर्ता ने थाना साइबर अपराध दक्षिण, गुरुग्राम में शिकायत दी थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि एक व्यक्ति ने खुद को Airtel कर्मचारी बताते हुए फोन किया और मोबाइल SIM को eSIM में बदलने के लिए उसे प्रेरित किया।
आरोपी की बातों पर विश्वास करने के बाद शिकायतकर्ता के मोबाइल का नेटवर्क बंद हो गया। इसी दौरान उसके HSBC बैंक खाते से 07 अवैध RTGS/NEFT ट्रांजैक्शन के माध्यम से कुल 18 लाख 31 हजार रुपये अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर कर लिए गए।
शिकायत के आधार पर थाना साइबर अपराध दक्षिण, गुरुग्राम में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
बैंकिंग ट्रेल से आरोपी तक पहुंची पुलिस
गुरुग्राम पुलिस की साइबर टीम ने मामले की जांच के दौरान तकनीकी साक्ष्यों और बैंकिंग ट्रेल का विश्लेषण किया। जांच के आधार पर पुलिस ने वारदात में संलिप्त जय वर्मा को ग्वालियर से गिरफ्तार किया।
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि ठगी की रकम में से 3 लाख 31 हजार रुपये साइबर ठगी करने वाले आरोपियों ने सीधे एक ज्वेलरी शॉप के बैंक खाते में ट्रांसफर करवाए थे।
साइबर ठगों के निर्देश पर जय वर्मा ने इस रकम से ज्वेलरी शॉप से सोना खरीदा और बाद में उस सोने को दूसरे व्यक्ति को बेचने का काम किया।
5 प्रतिशत कमीशन पर करता था काम
पुलिस पूछताछ में यह भी सामने आया कि जय वर्मा साइबर फ्रॉड करने वाले लोगों के साथ 5 प्रतिशत कमीशन पर काम करता था। उसके द्वारा साइबर ठगी की रकम से सोना खरीदकर उसे अन्य लोगों तक पहुंचाने का काम किया जाता था।
पुलिस के अनुसार, आरोपी साइबर ठगों को बैंक खाते उपलब्ध कराने और ठगी की रकम को अलग-अलग माध्यमों से ठिकाने लगाने में भी सहयोग करता था।
जांच के दौरान गुरुग्राम पुलिस की साइबर टीम ने संबंधित बैंक खाते को ट्रेस कर उसमें मौजूद रकम को होल्ड करवाया। इसके बाद ज्वेलरी शॉप के मालिक की शिकायत पर ग्वालियर, मध्य प्रदेश में भी आरोपी जय वर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया था, जिसमें उसे गिरफ्तार किया गया था।
4 दिन के पुलिस रिमांड पर आरोपी
गुरुग्राम पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर 4 दिन के पुलिस हिरासत रिमांड पर लिया है। पुलिस अब आरोपी से वारदात में इस्तेमाल मोबाइल फोन, साइबर ठगी की रकम, सोने की खरीद-बिक्री और गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों के संबंध में पूछताछ कर रही है।
पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी ने अब तक कितनी साइबर ठगी की रकम को बैंक खातों और सोने की खरीद-बिक्री के माध्यम से ठिकाने लगाने में मदद की है।
मामले में पुलिस का अनुसंधान जारी है और गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।









