गुरुग्राम में सड़क कनेक्टिविटी होगी और बेहतर, जीएमडीए की दो प्रमुख परियोजनाओं को मंजूरी
गुरुग्राम, 18 अगस्त। गुरुग्राम की सड़क कनेक्टिविटी और शहरी आवागमन व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) की दो प्रमुख सड़क परियोजनाओं को मंजूरी मिल गई है। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में चंडीगढ़ में हुई हाई पावर्ड वर्क्स परचेज कमेटी (HPWPC) की बैठक में इन परियोजनाओं को स्वीकृति दी गई।
जीएमडीए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पी.सी. मीणा ने बताया कि स्वीकृत परियोजनाओं में सेक्टर 68/69 के बीच मिसिंग लिंक का निर्माण और इफको चौक से सदर्न पेरिफेरल रोड (SPR) तक सड़क कॉरिडोर का अपग्रेडेशन शामिल है। दोनों परियोजनाओं से प्रमुख मार्गों की कनेक्टिविटी मजबूत होने के साथ वाहन चालकों, पैदल यात्रियों और साइकिल चालकों के लिए सुविधाओं का विस्तार होगा।
सेक्टर 68/69 में बनेगा मिसिंग लिंक
पहली परियोजना के तहत सेक्टर 68 और 69 को विभाजित करने वाली सड़क पर मिसिंग लिंक और सर्विस रोड का निर्माण किया जाएगा। इससे SPR और सोहना रोड के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी। साथ ही सेक्टर 68, 69, 70, 70A, 75 और 76 के लोगों को भी बेहतर आवागमन सुविधा मिलेगी।
परियोजना के तहत करीब 900 मीटर नई मुख्य सड़क बनाई जाएगी, जबकि लगभग 1,100 मीटर मौजूदा सड़क पर बिटुमिनस लेयर बिछाई जाएगी। इसके अलावा करीब 2 किलोमीटर लंबी नई दो-लेन सर्विस रोड का निर्माण होगा।
कॉरिडोर के साथ फुटपाथ, साइकिल ट्रैक और हॉर्टिकल्चर कार्य भी किए जाएंगे। इस परियोजना पर करीब 26.83 करोड़ रुपये खर्च होंगे। मिसिंग लिंक बनने से क्षेत्र के लोगों को एक अतिरिक्त मार्ग मिलेगा और प्रमुख सड़कों पर यातायात का दबाव कम करने में मदद मिलेगी।
इफको चौक से SPR तक 7.1 किमी सड़क का अपग्रेडेशन

दूसरी परियोजना के तहत इफको चौक से SPR तक 7.1 किलोमीटर लंबे सड़क कॉरिडोर का विशेष मरम्मत एवं अपग्रेडेशन किया जाएगा। इसमें सेक्टर 28/29, 43/44, 52/52A और 56/57 को विभाजित करने वाली सड़कें शामिल हैं।
करीब 7.1 किलोमीटर मुख्य सड़क पर बिटुमिनस ओवरले किया जाएगा। इसके साथ दोनों ओर फुटपाथ और साइकिल ट्रैक विकसित किए जाएंगे। बारिश के पानी की निकासी के लिए पूरे कॉरिडोर में स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज इंफ्रास्ट्रक्चर भी तैयार किया जाएगा।
प्रमुख चौराहों का अपग्रेडेशन, ग्रिल लगाने और पैदल यात्रियों की सुरक्षा एवं आवाजाही को बेहतर बनाने से जुड़े अन्य कार्य भी परियोजना में शामिल हैं। इसकी अनुमानित लागत 41.86 करोड़ रुपये है और इसे एक वर्ष के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
जीएमडीए के सीईओ पी.सी. मीणा ने कहा कि सड़क विकास को केवल कैरिजवे तक सीमित न रखते हुए अब समग्र कॉरिडोर विकास पर जोर दिया जा रहा है। सड़क सुधार के साथ सर्विस रोड, फुटपाथ, साइकिल ट्रैक, ड्रेनेज और चौराहों के सुधार पर भी काम किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि दोनों परियोजनाएं गुरुग्राम के सड़क नेटवर्क को मजबूत करने के साथ प्रमुख आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्रों के बीच आवागमन को सुगम बनाएंगी। इससे शहर की यातायात व्यवस्था अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक होने की उम्मीद है।









