दिल्ली , 15 मई 2026
दिल्ली। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में नितिन नबीन की नई टीम के गठन के बाद अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार में भी बड़े फेरबदल की चर्चाएं तेज हो गई हैं। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि आने वाले समय में केंद्रीय मंत्रिमंडल में व्यापक बदलाव देखने को मिल सकता है।
सूत्रों के अनुसार, सरकार के दो वर्ष पूरे होने से पहले या उसके तुरंत बाद कैबिनेट में बदलाव की संभावना जताई जा रही है। यह भी माना जा रहा है कि 2024 में सरकार गठन के बाद से अब तक कोई बड़ा फेरबदल नहीं हुआ है, लेकिन अब परिस्थितियां बदल रही हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगले वर्ष होने वाले सात राज्यों के विधानसभा चुनावों की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए यह बदलाव किया जा सकता है। लोकसभा चुनाव के बाद भाजपा के प्रदर्शन में कई राज्यों—महाराष्ट्र, हरियाणा, दिल्ली और बिहार—में सुधार देखने को मिला है। वहीं, पश्चिम बंगाल और असम में भी पार्टी की स्थिति मजबूत हुई है।
इन राजनीतिक सफलताओं के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नेतृत्व क्षमता और “करिश्मे” को लेकर पार्टी के भीतर आत्मविश्वास बढ़ा है। इसी वजह से माना जा रहा है कि 2026 में वह बड़े स्तर पर “गुजरात मॉडल” की तर्ज पर मंत्रिमंडल में बदलाव कर सकते हैं।
सूत्रों के अनुसार, कुछ वरिष्ठ मंत्रियों को संगठन में भेजे जाने और कुछ को मंत्रिमंडल से बाहर किए जाने की संभावना है। वहीं कई ऐसे नेता जो लगातार तीन कार्यकाल से मंत्री बने हुए हैं, उनकी भूमिका में भी बदलाव हो सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह फेरबदल आगामी लोकसभा चुनाव की रणनीति को ध्यान में रखकर किया जा सकता है, जिससे पार्टी को नए चेहरों और नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ाया जा सके।







