8 जून 2026 ।
- क्या मिडिल ईस्ट में एक बार फिर युद्ध की आग भड़क उठी है?
- क्या दो महीनों का सीजफायर अब टूट चुका है?
- सबसे बड़ा सवाल — क्या दुनिया तीसरे विश्व युद्ध की दहलीज पर खड़ी है?
मध्य पूर्व में एक बार फिर तनाव खतरनाक स्तर पर पहुंचता नजर आ रहा है। करीब 100 दिनों से जारी टकराव के बीच ईरान और इजरायल के बीच हालात फिर बिगड़ते दिखाई दे रहे हैं। ताजा घटनाक्रम ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या दो महीनों का सीजफायर अब टूट चुका है और क्या दुनिया एक बड़े युद्ध की ओर बढ़ रही है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सोमवार सुबह से दोनों देशों के बीच मिसाइल हमले तेज हो गए हैं। बताया जा रहा है कि ईरान ने रविवार देर रात इजरायल पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया।

हालांकि, यह पहला मौका नहीं है जब ईरान ने इस तरह का हमला किया हो, लेकिन दो महीने के युद्धविराम के बाद यह हमला काफी अहम माना जा रहा है। जानकारी के मुताबिक, यह कार्रवाई लेबनान की राजधानी बेरूत में इजरायल की एयर स्ट्राइक के जवाब में की गई।
हमले के बाद इजरायल के कई इलाकों में सायरन बजने लगे और लोगों में दहशत फैल गई। इजरायली सेना ने दावा किया है कि उसकी एयर डिफेंस प्रणाली ने अधिकांश मिसाइलों को हवा में ही नष्ट कर दिया।
फिलहाल राहत की बात यह है कि किसी बड़े नुकसान या हताहत की खबर सामने नहीं आई है, लेकिन क्षेत्र में तनाव बना हुआ है।

इसी बीच, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने इजरायल के नेवातिम और तेल नोफ एयरबेस को निशाना बनाया। इसके जवाब में इजरायल ने भी ईरान के खुजेस्तान प्रांत में पेट्रोकेमिकल ठिकानों पर हमला किया है।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच एक नया मोड़ भी सामने आया है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वह इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से बातचीत कर उन्हें जवाबी कार्रवाई से रोकने की कोशिश करेंगे। ट्रंप का कहना है कि आगे के हमले हालात को और बिगाड़ सकते हैं।
फिलहाल, मिडिल ईस्ट में स्थिति बेहद संवेदनशील बनी हुई है और पूरी दुनिया की नजरें इस क्षेत्र पर टिकी हुई हैं। अब यह देखना अहम होगा कि क्या यह टकराव यहीं थमता है या फिर एक बड़े युद्ध का रूप लेता है।







