रेवाड़ी की रिहायशी कॉलोनियों में नियमों की उड़ रही धज्जियां, कोर्ट के आदेश पर हुई कार्रवाई
रेवाड़ी। रेवाड़ी शहर की कई आवासीय कॉलोनियों में नियमों को ताक पर रखकर लंबे समय से व्यावसायिक गतिविधियां संचालित होने का मामला सामने आया है। आरोप है कि अधिकारियों की अनदेखी के चलते रिहायशी इलाकों में गोदाम, दुकानें, मिठाइयों के कारखाने और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान बेखौफ चल रहे हैं।
बताया जा रहा है कि नगर परिषद की ओर से समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं किए जाने के कारण मामला अदालत तक पहुंचा। इसके बाद हाई कोर्ट के आदेश पर टीपी (टाउन प्लानिंग) स्कीम के तहत बनाए गए कुछ अवैध गोदामों और दुकानों को सील करने की कार्रवाई की गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर के शांति नगर जैसे रिहायशी क्षेत्रों में फैक्ट्रियां तक संचालित हो रही हैं, जिससे आसपास रहने वाले लोगों को प्रदूषण, शोर और यातायात संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
इतना ही नहीं, सेक्टर-3 और सेक्टर-4 जैसे आवासीय क्षेत्रों में भी कई मकानों में दुकानें और अन्य व्यावसायिक गतिविधियां संचालित होने के आरोप लगाए जा रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते नियमों के अनुसार कार्रवाई नहीं हुई तो रिहायशी क्षेत्रों की मूल व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो सकती है।
फिलहाल हाई कोर्ट के आदेश के बाद कुछ स्थानों पर सीलिंग की कार्रवाई शुरू हुई है। अब यह देखना होगा कि संबंधित विभाग पूरे शहर में अवैध कमर्शियल गतिविधियों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाता है या कार्रवाई केवल कुछ मामलों तक ही सीमित रहती है।







