विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में युवा पीढ़ी की महत्वपूर्ण भूमिका है – मीना परमार

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गुरुग्राम, 15 सितंबर- हरियाणा राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष मीना परमार ने कहा कि विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में युवा पीढ़ी की महत्वपूर्ण भूमिका है। युवाओं को अच्छी शिक्षा और कौशल के साथ अपने संस्कारों को भी साथ लेकर आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से मोबाइल और इंटरनेट का इस्तेमाल जरूरत के अनुसार और सही दिशा में करने तथा साइबर अपराध के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया। महिलाओं और बेटियों को भी अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहकर किसी भी परेशानी की स्थिति में तुरंत शिकायत दर्ज कराने के लिए आगे आना चाहिए। ये बातें उन्होंने केआर मंगलम विश्वविद्यालय में वंदे मातरम् के 150 गौरवशाली वर्ष एवं हिंदी दिवस के अवसर पर आयोजित जिला स्तरीय भाषण एवं काव्य पाठ प्रतियोगिता में कहीं।हरियाणा राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष मीना परमार ने कहा कि वंदे मातरम् देश के सम्मान, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति की भावना का प्रतीक है। इसके रचयिता बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय का यह गीत स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान देशवासियों की राष्ट्रभक्ति और आजादी के जज्बे का प्रतीक बन गया। विद्यार्थियों को अपने देश के इतिहास, संस्कृति और स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े महत्वपूर्ण प्रसंगों की जानकारी होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आज की युवा पीढ़ी के हाथ में मोबाइल एक उपयोगी साधन है, लेकिन इसका सही इस्तेमाल ही उनके भविष्य को बेहतर बना सकता है।

कार्यक्रम में मीना परमार मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रांत संगठन मंत्री संजय कस्वां विशेष रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता केआर मंगलम विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर डॉ. अनिल कुमार सैनी ने की। मीना परमार ने कहा कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा सरकार युवाओं और महिलाओं को केंद्र में रखकर विभिन्न योजनाओं के माध्यम से उन्हें आगे बढ़ने के अवसर दे रही हैं। स्टार्टअप इंडिया, स्टैंडअप इंडिया, आत्मनिर्भर भारत और स्किल इंडिया जैसे प्रयासों से युवाओं को शिक्षा के साथ कौशल हासिल करने और आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर मिल रहा है। युवाओं को केवल डिग्री तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि अपने कौशल को भी मजबूत करना चाहिए।साइबर अपराध को लेकर मीना परमार ने विद्यार्थियों को सावधान करते हुए कहा कि अनजान वेबसाइट, लिंक या संदेश पर बिना सोचे क्लिक न करें। अपनी निजी जानकारी और जरूरी दस्तावेज किसी अनजान व्यक्ति या वेबसाइट के साथ साझा न करें। उन्होंने कहा कि मोबाइल का इस्तेमाल पढ़ाई और उपयोगी जानकारी हासिल करने के लिए किया जाए तो यह भविष्य को बेहतर बनाने में मददगार साबित हो सकता है।

महिला सुरक्षा के संबंध में उन्होंने कहा कि महिलाओं और बेटियों को किसी भी तरह की घटना होने पर डरने की जरूरत नहीं है। वे अपने नजदीकी थाने में शिकायत दर्ज करा सकती हैं। कार्यस्थल पर किसी महिला के साथ परेशानी होने पर वह संस्थान की इंटरनल कंप्लेंट कमेटी (आईसीसी) में अपनी शिकायत दर्ज करा सकती है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने परिवार और आसपास के लोगों को भी साइबर अपराध और महिला सुरक्षा के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में आयोजित भाषण एवं काव्य पाठ प्रतियोगिता के माध्यम से विद्यार्थियों ने अपने विचार, अभिव्यक्ति और नेतृत्व क्षमता का प्रदर्शन किया।

इस अवसर पर संचेतना सोसाइटी की फैकल्टी मेंटर डॉ. योगिता यशवीर राघव, गुरुग्राम जिला एबीवीपी के कार्यक्रम समन्वयक मयंक चौहान, अध्यक्ष साक्षी योगी, उपाध्यक्ष प्रथम शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी एवं विद्यार्थी मौजूद रहे।

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Author: New India News Network

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